डायरेक्टर के डेस्क से
प्रिय विद्यार्थीगण, महाविद्यालय में आप नामांकन कराने जा रहे है, इसके लिए कोटिशः बधाई और आपके उज्जवल भविष्य की कामना। महाविद्यालय में प्राध्यापकों (प्रोफेसर) द्वारा शिक्षण हेतु नूतन तकनिकों का प्रयोग किया जा रहा है, जो आपके जीवन को नई दिशा देने में सहायक होगा। शिक्षा को व्यवहारिक, सरल बनाने का नियमित प्रयास किया जा रहा है। महाविद्यालय में अनुशासन हमेशा बना रहे इसके लिए कुछ नियम विवरणिका में उद्धृत हैं। इनका अनुपालन आपके लिए हितार्थ होगा।
“स्वदेशे पूज्यते राजा, विद्वान सर्वत्र पूज्यते”
इस भावना से इस विद्या रूपी मंदिर में आप प्रवेश लें,
यही हमारी आशा, उम्मीद व मंगल कामना है ।
“शिक्षार्थ आइए, सेवार्थ जाइए”
यही आपसे अपेक्षा है शिक्षा ही व्यक्ति को महान बनाता है, हमें पूर्ण विश्वास है की आपकी यह शिक्षा राष्ट्र निर्माण में अपनी सहभागिता दर्ज करायेगी । इन्ही आकांक्षाओं के साथ.......